लखनऊ
इकाना स्टेडियम में रविवार की रात आईपीएल 2026 का सबसे रोमांचक मुकाबला खेला गया। लखनऊ सुपर जायंट्स और कोलकाता नाइट राइडर्स के बीच मैच आखिरी गेंद तक खिंचा और अंततः टाई रहा। इसके बाद हुए सुपर ओवर में वो ड्रामा देखने को मिला जिसकी कल्पना किसी ने नहीं की थी। सुनील नारायण की जादुई गेंदबाजी और रिंकू सिंह के विजयी चौके की बदौलत कोलकाता ने न केवल यह मैच जीता, बल्कि खुद को अंक तालिका के सबसे निचले पायदान से भी बाहर निकाला।
मैच का रोमांच, शमी के छक्के ने मुकाबले को किया टाई
156 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए लखनऊ की टीम एक समय हार की कगार पर थी। आखिरी ओवर में जीत के लिए 13 रनों की जरूरत थी। कार्तिक त्यागी की गेंदबाजी और रिंकू सिंह के शानदार कैचों ने मैच को फंसा दिया था। अंतिम गेंद पर लखनऊ को जीत के लिए 7 रनों की दरकार थी और स्ट्राइक पर थे मोहम्मद शमी। शमी ने त्यागी की स्लॉट बॉल को लॉन्ग-ऑफ के ऊपर से छक्के के लिए भेजकर स्कोर बराबर कर दिया और मैच को सुपर ओवर में धकेल दिया।
सुपर ओवर का ड्रामा, नारायण ने लखनऊ को 1 रन पर समेटा
सुपर ओवर में लखनऊ पहले बल्लेबाजी करने उतरी, लेकिन उनके सामने सुनील नारायण की चुनौती थी। नारायण ने पहली ही गेंद पर निकोलस पूरन को बोल्ड कर लखनऊ को तगड़ा झटका दिया। अगली गेंद पर ऋषभ पंत ने एक रन लिया, जिससे मार्करम स्ट्राइक पर आए। मार्करम ने बड़ा शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन बाउंड्री पर खड़े रोवमैन पॉवेल ने गजब की सूझबूझ दिखाई। पॉवेल ने बाउंड्री के बाहर जाने से ठीक पहले गेंद को हवा में उछाला और पास खड़े रिंकू सिंह ने कैच लपक लिया। इस तरह लखनऊ की पूरी टीम सुपर ओवर में महज 1 रन पर ऑलआउट हो गई। आपको बता दें कि सुपर ओवर में सिर्फ दो ही विकेट मिलते हैं।
रिंकू सिंह का फिनिशिंग टच, पहली गेंद पर खत्म किया खेल
मैच के असली हीरो रिंकू सिंह रहे। पहले मुख्य मैच में उन्होंने 51 गेंदों पर 83 रनों की शानदार पारी खेलकर केकेआर को 155 रन तक पहुंचाया और फील्डिंग में भी चार शानदार कैच पकड़े। जब सुपर ओवर में जीत के लिए सिर्फ 2 रनों की जरूरत थी, तो रिंकू सिंह स्ट्राइक पर आए। प्रिंस यादव की पहली ही गेंद को रिंकू ने कवर-पॉइंट के बीच से बाउंड्री की राह दिखाई और चौका जड़कर कोलकाता को एक यादगार जीत दिला दी।
शमी ने आखिरी गेंद पर छक्का जड़ टाई कराया मैच
टारगेट का पीछा करने उतरी LSG की आधी टीम 93 रन पर ही सिमट गई थी। मिचेल मार्श (2), एडन मारक्रम (31), कप्तान ऋषभ पंत (42), निकोलस पूरन (9) और मुकुल चौधरी (1) पवेलियन लौट चुके थे। यहां से आयुष बदोनी और इम्पैक्ट प्लेयर के तौर पर उतरे हिम्मत सिंह ने मोर्चा संभाला और LSG की उम्मीदें जगाईं। हालांकि KKR ने बदोनी (24) को चलता कर मेजबान टीम को फिर से बैकफुट पर धकेल दिया।
LSG को आखिरी 2 ओवर में 28 रन बनाने थे। 19वां ओवर लेकर आए वैभव अरोड़ा ने सिर्फ 11 रन खर्चे और जॉर्ज लिंडे (8) का विकेट भी चटकाया। अब LSG को आखिरी ओवर में 17 रन की जरूरत थी। KKR की ओर से आखिरी ओवर लेकर आए कार्तिक त्यागी ने दो नो-बॉल डालने के बावजूद 5 गेंद में 11 रन ही दिए और साथ ही हिम्मत का विकेट भी झटक लिया। मुकाबला KKR की मुट्ठी में लग रहा था लेकिन मोहम्मद शमी ने आखिरी गेंद पर छक्का जड़ स्कोर बराबर कर दिया, जिससे LSG को वापसी का मौका मिला लेकिन उसने सुपर ओवर में हथियार डाल दिए।
रिंकू सिंह ने खेली 83 रन की धाकड़ पारी
इससे पहले KKR ने पहले बल्लेबाजी के लिए बुलाए जाने पर 93 रन पर 7 विकेट खो दिए थे। KKR की पारी 120 के नीचे सिमटती दिख रही थी लेकिन रिंकू सिंह ने एक छोर पर खड़े रहकर उसे लड़ने लायक स्कोर तक पहुंचा दिया। रिंकू ने 51 गेंद में 83 रन की नाबाद पारी खेली। इस दौरान उनके बल्ले से 7 चौके और 5 छक्के निकले, जिसमें 4 छक्के उन्होंने दिग्वेश राठी के खिलाफ आखिरी ओवर में जड़े। रिंकू ने धाकड़ बल्लेबाजी करने के बाद फील्ड में भी फुर्ती दिखाते हुए 4 महत्वपूर्ण कैच लपके। उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच के अवॉर्ड से नवाजा गया।










