Home मध्य प्रदेश ग्वालियर में खुलेंगे 10 निर्भया कैफे, स्मार्ट सिटी के दो बड़े प्रोजेक्ट्स...

ग्वालियर में खुलेंगे 10 निर्भया कैफे, स्मार्ट सिटी के दो बड़े प्रोजेक्ट्स को मिली मंजूरी

12
0
Jeevan Ayurveda

 ग्वालियर
 लंबे समय से पाइपलाइन में चल रहे स्मार्ट सिटी कार्पोरेशन के दो बड़े प्रोजेक्टों की बाधाएं आखिरकार दूर हो गई हैं। लगभग एक करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित 10 निर्भया कैफे की लोकेशन लंबे समय से फाइनल नहीं हो पा रही थीं। अब इनमें से कई लोकेशनों को बदलकर फाइनल किया गया है और जल्द ही इनकी एनओसी भी स्मार्ट सिटी कार्पोरेशन को प्राप्त हो जाएंगी। ऐसे में जल्द ही ठेकेदार एजेंसी को लोकेशन हैंडओवर कर काम शुरू कराया जाएगा।

कंट्रोल कमांड सेंटर के लिए सोलर प्लांट मंजूर, बिजली बिल में होगी कमी

Ad

    दूसरी तरफ कार्पोरेशन के कंट्रोल कमांड सेंटर का बिजली का खर्चा कम करने के लिए रेस्को माडल पर सोलर प्लांट भी मंजूर कर दिया गया है। इसका कारण है कि कंट्रोल कमांड सेंटर सेंट्रलाइज्ड एयर कंडीशंड है। इसके अलावा यहां बड़ी-बड़ी स्क्रीनों के जरिए शहर की कई सुविधाओं पर निगरानी रखी जाती है। इंटेलीजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (आइटीएमएस) का कंट्रोल रूम भी यहां संचालित होता है, जिसके कारण हर माह चार लाख रुपये से अधिक का बिजली का बिल आता है।

स्मार्ट सिटी कार्यालय का कुल स्वीकृत लोड भी 125 किलोवाट का है। पिछले दिनों रेस्को माडल पर सोलर प्लांट लगाने के लिए कंपनियों ने सर्वे भी किया था। जिसमें सहमति बन गई है कि कार्यालय की लगभग आठ हजार वर्गफीट क्षेत्रफल वाली छत पर 80 से 100 किलोवाट की क्षमता का सोलर प्लांट लगा दिया जाए। इससे कार्यालय का बिजली का बिल लगभग 70 प्रतिशत तक कम करने में सफलता मिलेगी। ऐसे में इस दिशा में भी अब स्मार्ट सिटी कार्पोरेशन द्वारा कार्य किया जा रहा है।

यह है निर्भया कैफे प्रोजेक्ट, अब यह हैं नई लोकेशन
    शक्ति दीदी की तर्ज पर शहर में विधवा व निराश्रित महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से प्रस्तावित निर्भया कैफे परियोजना के लिए शहर में 12 संभावित स्थान चिह्नित कर संबंधित विभागों से अनुमति मांगी थी। कुछ विभागों ने प्रस्तावित स्थानों पर अनुमति देने से इनकार कर दिया, जबकि कई विभागों से कोई जवाब नहीं मिला। परियोजना के तहत शहर में करीब एक करोड़ रुपये की लागत से 10 निर्भया कैफे बनाए जाने हैं।

योजना के अनुसार प्रत्येक कैफे के निर्माण की लागत 10 लाख रुपये तय की गई है। इन कैफे के निर्माण के लिए स्मार्ट सिटी कार्पोरेशन 30 लाख रुपये का योगदान देगा। जबकि शेष 70 लाख रुपये का निवेश ठेकेदार एजेंसी करेगी। निर्माण पूरा होने के बाद इन कैफे का संचालन विधवा व निराश्रित महिलाओं को रियायती किराए पर सौंपा जाएगा, ताकि वे स्वरोजगार के माध्यम से आर्थिक रूप से सशक्त बन सकें।

पहले इन परिसरों का हुआ था चयन
जिन परिसरों का चयन किया गया था, उनमें संभागीय आयुक्त कार्यालय, स्मार्ट सिटी कार्पोरेशन कार्यालय, मुरार जिला अस्पताल, मुरार स्थित उत्कृष्ट विद्यालय क्रमांक एक व दो, ग्वालियर विकास प्राधिकरण, एमएलबी कालेज, पद्मा विद्यालय, साइंस कालेज, जीवाजी विवि आदि शामिल थे। अब नई लोकेशन के रूप में बाल भवन पार्क, महाराज बाड़ा, रेडिसन होटल के पास, केआरजी कालेज, जिला पंजीयक कार्यालय के बाहर की जगह चिह्नित की गई हैं।

Jeevan Ayurveda Clinic

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here